प्रधानमंत्री नरेंद्र के द्वारा दिए गए प्रस्ताव को संयुक्त राष्ट्र महासभा ने स्वीकार कर लिया है और महज तीन महीनों के अंदर अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के आयोजन का ऐलान कर दिया गया है जिसके बाद पूरे देश ने अगले साल 2015 मैं पहली बार योग दिवस को बहुत ही हर्षोल्लास के साथ मनाया था
By : Ritik Goswami
International Yoga Day 2023 Date : भारत को विश्व में योग गुरु के रूप में माना जाता है हमारे शरीर के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए योग करना बहुत जरूरी है योग को करने से हमारे शरीर को रोगों से लड़ने की ताकत मिलती है और योग करने से हमारा मन शांत रहता है भारत में बहुत प्राचीन समय से योग गुरु द्वारा योगाभ्यास होता आ रहा है योग हमारी भारतीय संस्कृति को प्रस्तुत करता है जिसका प्रचार अब विदेशों में भी बढ़ता जा रहा है विदेशों में अपनाए जा रहे योग का श्रेय हमारे देश के योग गुरु को जाता है भारतीय योग गुरुओं ने विदेशों में जाकर योग की उपलब्धता और महत्व के बारे में लोगों को जागरूक किया आज हर व्यक्ति अपने दिनचर्या में योग को शामिल कर रहा है और दुनिया भर के लोग आज योग की तरफ बढ़ रहे हैं योग करने से हमारा शरीर स्वस्थ और हमारे मन को शांति प्राप्त होती हैं योग की इसी उपयोगिता से सभी को जागरूक करने के लिए हर साल अंतरराष्ट्रीय स्तर पर योग दिवस को मनाया जाता है हालांकि योग दिवस की शुरुआत कब किसने और कहां की इसके बारे में हम नीचे जानेंगे
कब मनाया गया पहला योग दिवस?
करोना कॉल में जब पूरा देश एक दृढ़ बीमारी से लड़ रहा था उसके बाद से योग दिवस का महत्व अधिक बढ़ गया इस दृढ़ बीमारी से लड़ने के लिए और अपनी इम्यूनिटी बूस्ट करने के लिए लोगों ने योग का सहारा लिया जिसकी मदद से लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ गई परंतु इस दिन को योग दिवस के रूप में मनाने की शुरुआत सन 2015 मैं हुई थी इस वर्ष में ही पहली बार संपूर्ण विश्व में योग दिवस को मनाया गया
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योग दिवस का इतिहास
देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 27 सितंबर 2014 मैं संयुक्त महासभा से पूरी दुनिया के तमाम देशों मैं योग दिवस को बनाने का प्रस्ताव जारी किया प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के द्वारा दिए गए प्रस्ताव को संयुक्त महासभा ने स्वीकार करते हुए महज 3 महीनों के अंदर पूरे विश्व में अंतररष्ट्रीय योग दिवस के आयोजन का ऐलान कर दिया जिसके बाद अगले ही वर्ष 2015 में पहली बार योग दिवस को मनाया गया
21 जून को क्यों मनाते हैं योग दिवस?
पूरे विश्व में योग दिवस को बनाने के लिए 1 दिन सुनिश्चित किया गया जो कि 21 जून को रखा गया 21 जून को योग दिवस के तौर पर बनाने की एक वजह यह भी है कि इस दिन उत्तरी गोलार्ध का सबसे लंबा दिन होता है जिसे हम लोग ग्रीष्म संक्रांति के रूप में जानते हैं भारतीय ऋषि-मुनियों के अनुसार ग्रीष्म संक्रांति के दिन सूर्य दक्षिणायन होता है सूर्य दक्षिणायन का समय आध्यात्मिक सिद्धि को प्राप्त करने के लिए बहुत ही असरदार माना जाता है इस कारण ही प्रतिवर्ष 21 जून को योग दिवस मनाया जाता है
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2023 की थीम
इस बार 2023 में योग दिवस की थीम वसुधैव कुटुंब के लिए योग (Yoga for Vasudhaiva Kutumbakam) के ऊपर आधारित है वासुदेव कुटुंब का अर्थ इस प्रकार है कि धरती ही हमारा परिवार है इस थीम से यह तात्पर्य है कि सभी लोगों के स्वास्थ्य के लिए योग करना बहुत ही आवश्यक है
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